Wednesday, 13 July 2016

देखो मेरे प्यारे कश्मीर - सुधीर मौर्य


देखो मेरे प्यारे कश्मीर

बुरहान वानी से  दहशतगर्द

जब - जब तुझे लहूलुहान करेंगे

तब - तब तेरी रक्षा को

सेना के जवान मुस्तैद मिलेंगे

देखो मेरे प्यारे कश्मीर

तेरी प्यारी वादियों को

हरा भरा रखने के लिए

कभी मेजर सोमनाथ

तो कभी कर्नल रॉय 

अपना रुधिर बहाते रहेंगे


देखो मेरे प्यारे कश्मीर

तुम्हारी सेना खड़ी है हर कदम

तुम्हे आतंकियों से

बचाने के लिए।


--सुधीर मौर्य 

5 comments:

  1. आपकी इस प्रविष्टि् के लिंक की चर्चा कल शुक्रवार (15-07-2016) को "आये बदरा छाये बदरा" (चर्चा अंक-2404) पर भी होगी।
    --
    सूचना देने का उद्देश्य है कि यदि किसी रचनाकार की प्रविष्टि का लिंक किसी स्थान पर लगाया जाये तो उसकी सूचना देना व्यवस्थापक का नैतिक कर्तव्य होता है।
    --
    चर्चा मंच पर पूरी पोस्ट नहीं दी जाती है बल्कि आपकी पोस्ट का लिंक या लिंक के साथ पोस्ट का महत्वपूर्ण अंश दिया जाता है।
    जिससे कि पाठक उत्सुकता के साथ आपके ब्लॉग पर आपकी पूरी पोस्ट पढ़ने के लिए जाये।
    --
    हार्दिक शुभकामनाओं के साथ
    सादर...!
    डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री 'मयंक'

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  2. सामयिक रचना

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  3. नमन है अमर सैनानियों को जिन्होंने कश्मीर की शान के लिए मशाल उठाई ...

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